-सोसायटी में नहीं हो रहा था कूड़े का उचित प्रबंधन
-प्राधिकरण की टीम ने 19 स्थानों पर पहुंचकर की थी जांच
द न्यूज गली, ग्रेटर नोएडा: ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण के द्वारा लगातार दिए जा रहे निर्देशों के बाद भी विभिन्न सोसायटी में कूड़े का उचित प्रबंधन नहीं किया जा रहा था। जांच के लिए ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण की एसीईओ श्रीलक्ष्मी वीएस की तरफ से समिति गठित की गई थी। जिसमें प्राधिकरण के 15 अधिकारी शामिल थे। अधिकारियों की टीम ने 19 स्थानों पर जांच की, जिसमें 6 स्थानों पर कमी मिली। टीम ने मौके पर ही सभी पर 28 लाख रुपए का जुर्माना लगा दिया। साथ ही भविष्य में कूड़े का उचित प्रबंधन करने की चेतावनी भी दी है।
इन पर हुई कार्रवाई
सॉलिड वेस्ट मैनेजमेंट नीति-2016 कि तहत जिन बल्क वेस्ट जनरेटरों का क्षेत्रफल 5000 वर्ग मीटर से अधिक है या फिर प्रतिदिन 100 किलोग्राम से अधिक कूड़ा-कचरा उत्सर्जित कर रहे हैं। उनको अपने कूड़े का निस्तारण अपने परिसर में खुद से ही करना होता है। जांच में पाया गया कि कुछ बल्क वेस्ट जनरेटर कूड़े का उचित प्रबंधन नहीं कर रहे। टीम ने चेरी काउंटी पर 50,000 रुपये, अजनारा ली गार्डेन पर 2,01,600 रुपये, ला रेजीडेंसिया पर 8,06,400 रुपये, मेफेयर रेजीडेंसी पर 6,44,000 रुपये, वेदांतम रेडीकॉन पर 3,22,000 रुपये, और राधा स्काई गार्डेन पर 8,06,400 रुपये का अर्थदंड लगाया गया। एसीईओ ने इन बल्क वेस्ट जनरेटरों को चेतावनी दी है कि सॉलिड वेस्ट मैनेजेमेंट नीति-2016 के अनुसार सूखे-गीले कचरे को सेग्रिगेट कर निस्तारण करना आवश्यक है। ऐसा न करने वाले बल्क वेस्ट जनरेटरों पर कार्रवाई की जाएगी। साथ ही एसीईओ ने सभी बल्क वेस्ट जेनरेटरों से शहर को स्वच्छ बनाए रखने के लिए कूड़े को इधर-उधर न फेंकने, कूड़े को सेग्रिगेट कर परिसर में ही प्रोसेस करने की अपील की है।
