-डीएम मेधा रूपम ने निजी स्कूलों के प्रधानाचार्यों के साथ की बैठक
-नियम का शत प्रतिशत पालन कराने का निर्देश
द न्यूज गली, ग्रेटर नोएडा: निःशुल्क एवं अनिवार्य बाल शिक्षा अधिकार अधिनियम (आरटीई) के तहत निजी स्कूलों में गरीब परिवार के बच्चों को प्रवेश दिलाने की प्रक्रिया चल रही है। डीएम मेधा रूपम ने निजी स्कूलों के प्रधानाचार्यों के साथ बैठक की। शिक्षा विभाग के द्वारा चयनित बच्चों का प्रवेश कराने की अपील निजी स्कूलों से की। डीएम ने स्पष्ट निर्देश दिया कि जिन स्कूलों के द्वारा लक्ष्य के अनुरूप शत प्रतिशत प्रवेश सुनिश्चित किए जाएंगे, उन्हें सम्मानित किया जाएगा। प्रवेश प्रक्रिया पूर्ण न करने अथवा प्रवेश देने में आनाकानी करने वाले विद्यालयों के विरुद्ध नोटिस जारी होंगे। साथ ही आवश्यकता पड़ने पर मान्यता निरस्त किए जाने की कार्रवाई भी होगी।

यह है नियम
बैठक में शैक्षिक सत्र 2026-27 के अंतर्गत प्राप्त लक्ष्य के सापेक्ष जनपद के निजी मान्यता प्राप्त विद्यालयों में अलाभित समूह एवं दुर्बल वर्ग के बच्चों को प्रवेश दिलाए जाने की समीक्षा की गई। जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी राहुल पंवार के द्वारा अवगत कराया गया कि आरटीई अधिनियम के तहत पात्र बच्चों को निजी मान्यता प्राप्त विद्यालयों में कक्षा 01 अथवा पूर्व प्राथमिक कक्षाओं में प्रवेश दिलाए जाने की प्रक्रिया चल रही है। इसके अंतर्गत ऑनलाइन आवेदन, आवेदन पत्रों का सत्यापन तथा लॉटरी प्रणाली के माध्यम से विद्यालयों का आवंटन किया जाता है। योजना के अंतर्गत चयनित बच्चों को निःशुल्क शिक्षा प्रदान किए जाने के साथ पाठ्य सामग्री एवं स्कूल ड्रेस क्रय के लिए आर्थिक सहायता भी प्रदान की जाती है। डीएम ने निर्देश दिया कि सभी निजी स्कूल प्राप्त लक्ष्य के सापेक्ष शत प्रतिशत बच्चों का प्रवेश 31 मार्च 2026 तक सुनिश्चित करें। किए गए सभी प्रवेश शिक्षा विभाग के पोर्टल पर अनिवार्य रूप से अपडेट किए जाएं, जिससे प्रवेश प्रक्रिया की पारदर्शिता एवं प्रभावी निगरानी सुनिश्चित हो सके।
