द न्यूज गली, ग्रेटर नोएडा : डेल्टा सेक्टर में कई लोगों के बीमार पड़ने के बाद स्वास्थ्य विभाग की जांच में पीने के पानी में खतरनाक ई-कोलाई बैक्टीरिया की पुष्टि हुई है। उल्टी, दस्त, पेट दर्द और बुखार की शिकायतें सामने आने के बाद विभाग ने तत्काल कार्रवाई करते हुए पानी के सैंपल जांच के लिए भेजे थे। बुधवार को आई रिपोर्ट में एक घर के पानी के सैंपल में ई-कोलाई बैक्टीरिया पाया गया, जबकि अन्य चार सैंपल मानकों के अनुसार सुरक्षित मिले हैं।
लगातार मिल रही थी शिकायत
स्वास्थ्य विभाग के अनुसार, डेल्टा सेक्टर से लगातार बीमारी की शिकायतें मिलने पर जांच टीम को मौके पर भेजा गया था। टीम ने प्रभावित इलाके के चार घरों से पीने के पानी के सैंपल लिए, जिनमें से एक सैंपल बाहर से आने वाली पानी की सप्लाई का भी था। सभी सैंपल गाजियाबाद स्थित सरकारी प्रयोगशाला में जांच के लिए भेजे गए थे।
एक घर का पानी मिला खराब
जांच रिपोर्ट में सामने आया कि एक घर के पानी में ई-कोलाई बैक्टीरिया मौजूद है, जो स्वास्थ्य के लिए गंभीर खतरा पैदा कर सकता है। इसके बाद स्वास्थ्य विभाग ने संबंधित परिवार से संपर्क कर उन्हें पानी उबालकर पीने, साफ-सफाई बनाए रखने और सतर्कता बरतने की सलाह दी है।
मलेरिया अधिकारी श्रुति कीर्ति वर्मा ने बताया कि जिन अन्य तीन घरों से पानी के सैंपल लिए गए थे, वहां एक ही स्रोत से पानी की आपूर्ति हो रही है, इसके बावजूद उनमें ई-कोलाई बैक्टीरिया नहीं पाया गया। एहतियात के तौर पर सभी प्रभावित परिवारों को सावधानी बरतने और किसी भी तरह के लक्षण दिखने पर तुरंत स्वास्थ्य विभाग से संपर्क करने के निर्देश दिए गए हैं।
ई-कोलाई से खतरा
स्वास्थ्य विशेषज्ञों के अनुसार, ई-कोलाई बैक्टीरिया के कुछ स्ट्रेन गंभीर बीमारियों का कारण बन सकते हैं। यह दूषित भोजन और पानी के जरिए फैलता है और खूनी दस्त, पेट में तेज ऐंठन, उल्टी और बुखार जैसी समस्याएं पैदा कर सकता है। स्वास्थ्य विभाग ने क्षेत्र में निगरानी बढ़ा दी है और पानी की गुणवत्ता पर लगातार नजर रखी जा रही है।
