-आरोपित के पास से अलग-अलग नाम का पासपोर्ट बरामद
-15-16 महिलाओं और लड़कियों को फंसाने का चल रहा था प्रयास
द न्यूज गली, नोएडा: विदेशी नागरिक ने अपनी पहचान छिपाकर मैट्रिमोनियल साइट व सोशल मीडिया के माध्यम से कई लड़कियों व महिलाओं को अपने प्रेमजाल में फंसाया। प्रेमजाल में फंसाने के बाद उनसे करोड़ों रुपए की ठगी की। थाना साइबर क्राइम पुलिस ने अंतर्राष्ट्रीय गिरोह के सरगना SAMUEL OGUN उर्फ STEPNEY DERICK को हरियाणा से गिरफ्तार किया। आरोपित के पास से पुलिस ने 5 मोबाइल फोन, 1 लैपटॉप, 1 टैबलेट, 1 वाई-फाई राउटर, 1 डोंगल, विदेशी मुद्रा (नायरा 1800), पासपोर्ट (अलग अलग नाम से) व अन्य कागजात बरामद किए। जांच में सामने आया है कि आरोपित 15-16 और महिलाओं को भी प्रेमजाल में फंसाने की फिराक में था।
ऐसे था अपराध
अभियुक्त मैट्रिमोनियल साइट्स एवं सोशल मीडिया के माध्यम से जीवनसाथी की तलाश कर रहे व्यक्तियों से संपर्क करता था और उन्हें अपने प्रेमजाल में फंसाकर विभिन्न तरीकों से ठगता था। एक प्रमुख तरीका यह था कि वह पीड़िता को बताता था कि उसने पीड़िता के लिए विदेश से पार्सल भेजा है, जिसे एयरपोर्ट पर पकड़ लिया गया है। इसके उपरांत वह पीड़िता को भ्रमित कर ऑनलाइन धोखाधड़ी करता था। इस संबंध में पूर्व में थाना साइबर क्राइम पर इस संबंध में दो अभियोग पंजीकृत किए जा चुके हैं, जिनमें एक पीड़िता से 56,46,000 तथा दूसरे अभियोग में 1,26,00,000 की ऑनलाइन धोखाधड़ी अभियुक्त द्वारा की गई थी। पूछताछ के दौरान यह भी प्रकाश में आया कि अभियुक्त फर्जी लोन दिलाने के नाम पर भी ऑनलाइन धोखाधड़ी में संलिप्त है।अभियुक्त के पास से दो अलग-अलग नाम एवं अलग-अलग नागरिकता से संबंधित पासपोर्ट के दस्तावेज बरामद हुए हैं। प्रथम पासपोर्ट अमान्य (invalid) हो जाने के उपरांत वह दूसरे देश में जाकर नई पहचान से नया पासपोर्ट बनवाकर फिर भारत आया। अभियुक्त के पास कई फर्जी दस्तावेज बरामद हुए हैं, जिनका उपयोग वह विभिन्न पहचान बताकर साइबर ठगी करने में करता था।
यह मिली जानकारी
पूछताछ में अभियुक्त सैमुअल उर्फ स्टेपनी डेरिक द्वारा बताया गया कि वह मैट्रिमोनियल साइट्स से महिलाओं/लड़कियों का डाटा प्राप्त कर अपनी वास्तविक पहचान छिपाते हुए विभिन्न नामों से एक साथ कई महिलाओं से संपर्क करता था। वह स्वयं को एक बिजनेसमैन बताकर अलग-अलग देशों का निवासी होने का झूठा दावा करता था तथा वेबसाइट पर उपलब्ध आकर्षक व्यक्तियों की प्रोफाइल फोटो का उपयोग कर महिलाओं को अपने प्रेमजाल में फंसाता था। अभियुक्त द्वारा यह भी बताया गया कि वह अपना व्यवसाय विदेश से समेटकर भारत आकर शादी करने एवं यहीं व्यवसाय स्थापित करने का झूठा झांसा देता था। इसके उपरांत वह भारत आने का फर्जी टिकट भेजकर स्वयं को कस्टम/सिक्योरिटी जांच में फंसा हुआ बताता था और इस बहाने महिलाओं से विभिन्न खातों में धनराशि जमा कराता था। इसके अतिरिक्त अभियुक्त द्वारा फर्जी लोन दिलाने के नाम पर भी लोगों से ठगी की जाती थी तथा फर्जी दस्तावेज तैयार कर लोन दिलवाने का कार्य किया जाता था। इस संबंध में अन्य राज्यों, जैसे तेलंगाना, में भी अभियुक्त के विरुद्ध आपराधिक मामले पंजीकृत हैं। वर्तमान में अभियुक्त लगभग 15-16 महिलाओं से विभिन्न नाम-पते की प्रोफाइल के माध्यम से संपर्क कर उन्हें अपने जाल में फंसाने का प्रयास कर रहा था।
पुलिस की अपील
पुलिस ने साइबर जागरूकता के संबंध में लोगों से अपील की है। कहा है कि मैट्रिमोनियल साइट्स व सोशल मीडिया पर अंजान व्यक्तियों से सावधानीपूर्वक संपर्क करें, उनकी प्रोफाइल व पहचान का सत्यापन अवश्य करें। विदेश से पार्सल भेजने व कस्टम में फंसने के नाम पर धनराशि मांगने वाले कॉल/मैसेज से सतर्क रहें, यह आम साइबर ठगी का तरीका है। किसी भी अज्ञात व्यक्ति के कहने पर बिना पुष्टि किए ऑनलाइन माध्यम से पैसे न भेजें। फर्जी लोन ऑफर, कम ब्याज दर या बिना दस्तावेज के तुरंत लोन देने के झांसे में न आएं।
