-घोड़ी बछेड़ा व जुनपत गांव में किसानों ने की महापंचायत
-किसान कर रहे शेष 4 प्रतिशत आवासीय प्‍लाट की मांग

द न्‍यूज गली, ग्रेटर नोएडा: शेष 4 प्रतिशत आवासीय प्लॉट की मांग को लेकर घोड़ी बछेड़ा व जुनपत गांव में किसान सभाओं का आयोजन किया गया। जिसमें बड़ी संख्या में पीड़ित किसानों ने भाग लिया। दोनों गांवों के किसानों ने एकजुट होकर संकल्प लिया कि वह अपने अधिकार के रूप में शेष 4 प्रतिशत प्लॉट लेकर रहेंगे और इसके लिए लोकतांत्रिक एवं शांतिपूर्ण तरीके से संघर्ष जारी रहेगा। किसानों ने कहा कि पूर्व में हुए समझौते के अनुसार प्रभावित किसानों को 64.7 प्रतिशत की दर से मुआवजा तथा 10 प्रतिशत आवासीय प्लॉट दिए जाने थे। किसानों को 64.7 प्रतिशत की दर से मुआवजा तो मिल गया, लेकिन 10 प्रतिशत के स्थान पर केवल 6 प्रतिशत आवासीय प्लॉट ही दिए गए। इस कारण बड़ी संख्या में किसान आज भी अपने अधिकार के शेष 4 प्रतिशत प्लॉट से वंचित हैं।

44 गांव के किसान प्रभावित
किसानों ने बताया कि यह केवल दो गांवों का मुद्दा नहीं है, बल्कि ग्रेटर नोएडा के 44 गांवों के लगभग एक लाख किसान परिवार इस समस्या से प्रभावित हैं। वर्षों से हजारों किसान अपने वैधानिक अधिकार के लिए अधिकारियों के चक्कर काट रहे हैं, लेकिन आज तक शेष 4 प्रतिशत प्लॉट का आवंटन नहीं किया गया है। महापंचायत में किसानों ने घोषणा की कि 20 जुलाई को ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण पर विशाल अनशन आयोजित किया जाएगा। किसानों ने स्पष्ट कहा कि जब तक शेष 4 प्रतिशत प्लॉट देने की मांग पूरी नहीं होगी, तब तक उनका संघर्ष जारी रहेगा।दोनों गांवों के किसानों ने 44 गांवों के सभी प्रभावित किसान परिवारों से 20 जुलाई को भारी संख्या में ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण पहुंचकर आंदोलन को सफल बनाने की अपील की। किसानों ने कहा कि इस अनशन में बुजुर्ग, युवा, मातृशक्ति तथा छोटे बच्चे भी शामिल होंगे, क्योंकि यह संघर्ष केवल वर्तमान पीढ़ी के अधिकारों का नहीं, बल्कि आने वाली पीढ़ियों के सुरक्षित भविष्य का भी प्रश्न है।