द न्यूज गली, ग्रेटर नोएडा: आर्य प्रतिनिधि सभा जनपद गौतम बुद्ध नगर की एक विशेष बैठक में निर्णय लिया गया कि वर्षा ऋतु के चार महीनों में आर्य समाज चतुर्वेद पारायण यज्ञ के साथ-साथ दहेज विरोधी अभियान भी चलाएगा। प्रतिनिधि सभा के अध्यक्ष डॉ राकेश कुमार आर्य ने बताया कि आर्य समाज दहेज हत्याओं को लेकर बहुत गंभीर है। क्षेत्र के युवा जिस प्रकार हिंसक होकर व्यवहार कर रहे हैं और क्षेत्र में आपराधिक गतिविधियां दिन प्रतिदिन बढ़ती जा रही हैं, वह चिंता का विषय है। उन्होंने कहा कि वास्तव में यह सब संस्कारों की कमी के कारण हो रहा है। जिसके लिए वर्तमान शिक्षा प्रणाली भी दोषी है। डॉ आर्य ने बताया कि चतुर्वेद पारायण यज्ञ के लिए पूरे जनपद को कुल चार भागों में बांटकर चार वेदों का यज्ञ किया जाएगा। जिसमें अधिक से अधिक युवाओं को जोड़ने का प्रयास किया जाएगा। इसका उद्देश्य आज की युवा पीढ़ी को भारतीय संस्कारों के साथ जोड़ना है।

चिंता का विषय है हिंसा
इस अवसर पर भाषा प्रचारिणी सभा के अध्यक्ष आर्य सागर खारी ने कहा कि यज्ञ एक पवित्र संस्कार और मानव समाज के परिष्कार का नाम है। जिसके माध्यम से युवाओं को देश का सुसभ्य और सुसंस्कृत नागरिक बनाना आर्य समाज का उद्देश्य है। आज समाज दिन कुरीतियों का शिकार हो रहा है और जिस प्रकार हमारी बहन बेटियां हिंसा का शिकार हो रही है वह सब चिंता का विषय है। जिसको लेकर आर्य समाज की वेद प्रचारिणी सभा, धर्म आर्य सभा और पुरोहित सभा के संयुक्त तत्वावधान में एवं आर्य प्रतिनिधि सभा के मार्गदर्शन में उपरोक्त आयोजन किया जा रहा है। जिसके लिए विभिन्न विद्वानों को आमंत्रित किया गया है। इस अवसर पर प्रधान विजेंद्र सिंह आर्य, वीरेश आर्य, रंगीलाल आर्य, मंत्री पंडित धर्मवीर आर्य, महावीर सिंह आर्य,महेंद्र सिंह आर्य, राजेंद्र सिंह आर्य, रामप्रसाद आर्य, धनीराम शास्त्री, सत्यवीर आर्य, विपिन आर्य सहित अन्य लोग उपस्थित थे।
