द न्यूज गली, नोएडा : उत्तर प्रदेश स्पेशल टास्क फोर्स (एसटीएफ) ने कार्रवाई करते हुए एक चीनी नागरिक समेत तीन लोगों को गिरफ्तार किया है। एसटीएफ का आरोप है कि आरोपी कई शेल कंपनियां बनाकर हवाला, मनी लॉन्ड्रिंग और अन्य आर्थिक अपराधों में संलिप्त थे। पुलिस ने उनके कब्जे से लैपटॉप, मोबाइल फोन, पासपोर्ट, बैंक दस्तावेज, विभिन्न कंपनियों की मुहरें, करोड़ों रुपये के चेक और कथित रूप से फर्जी आधार कार्ड समेत कई अहम दस्तावेज बरामद किए हैं।
कई फर्जी कंपनियां बनाने का आरोप
एसटीएफ के अनुसार गिरफ्तार आरोपियों की पहचान चीन के जियांग्शी प्रांत के निवासी Liao Longhui, गाजियाबाद निवासी संजीव कुमार और औरैया निवासी कौशलेन्द्र के रूप में हुई है। तीनों को 22 जुलाई की रात नोएडा के सेक्टर-93 स्थित पूर्वांचल सिल्वर सिटी से गिरफ्तार किया गया।
जांच एजेंसी का कहना है कि Liao Longhui वर्ष 2008 में भारत आया था और यहां YTL Manufacturing Pvt. Ltd. का संचालन कर रहा था। आरोप है कि कंपनी के माध्यम से चीन से कच्चा माल ऊंचे दाम पर आयात दिखाया जाता था और तैयार माल को कम कीमत पर बेचकर शेष राशि का निपटान हवाला नेटवर्क के जरिए किया जाता था।
जांच में कई संदिग्ध लेनदेन मिला
एसटीएफ के मुताबिक जांच के दौरान कई अन्य कंपनियों के दस्तावेज भी मिले हैं, जिनका इस्तेमाल कथित तौर पर शेल कंपनियों के रूप में किया जा रहा था। एजेंसी का दावा है कि इन कंपनियों के जरिए बैंक खाते खोलकर वित्तीय लेन-देन संचालित किए जाते थे। इस मामले में एक चार्टर्ड अकाउंटेंट की भूमिका की भी जांच की जा रही है।
फर्जी आधार कार्ड भी मिला
एसटीएफ ने बताया कि तलाशी के दौरान आरोपी के पास से उसके फोटो वाला, लेकिन किसी अन्य व्यक्ति के नाम से जारी कोहिमा (नागालैंड) के पते का कथित फर्जी आधार कार्ड भी बरामद हुआ। प्रारंभिक जांच में यह भी सामने आया है कि चीनी नागरिक का भारतीय वीजा वर्ष 2020 में समाप्त हो चुका था और इसके बावजूद वह भारत में रह रहा था।
बरामद सामान में पांच लैपटॉप, नौ मोबाइल फोन, एक टैबलेट, दो चीनी पासपोर्ट, एक चीनी पहचान पत्र, विभिन्न कंपनियों की 10 मुहरें, 11 बैंक चेकबुक, कंपनी से जुड़े दस्तावेज, करीब 4.72 करोड़ रुपये मूल्य के विभिन्न बैंकों के चेक तथा 15,400 रुपये नकद शामिल हैं।
