-बीटेक व एमबीए के लिए छात्रों की पसंद बनेगा VSIET
-विधि विधान पूर्व पूजा के बाद हुई शुरुआत
द न्यूज गली, ग्रेटर नोएडा: एजुकेशन हब नॉलेज पार्क-II में विक्रम साराभाई इंस्टीट्यूट ऑफ इंजीनियरिंग एंड टेक्नोलॉजी (VSIET) ने औपचारिक रूप से अपनी शैक्षणिक यात्रा का शुभारंभ किया। पूजा-अर्चना के साथ संस्थान ने तकनीकी शिक्षा, नवाचार और भविष्य-केंद्रित अधिगम की दिशा में अपने विजन को प्रस्तुत किया। भारत के महान वैज्ञानिक डॉ. विक्रम साराभाई के नाम पर स्थापित VSIET केवल एक नया संस्थान नहीं, बल्कि भविष्य के इंजीनियरों, प्रबंधकों, नवप्रवर्तकों और उद्यमियों को तैयार करने की एक महत्वाकांक्षी पहल है। संस्थान विद्यार्थियों के लिए B.Tech एवं MBA कार्यक्रमों की पेशकश करेगा, जिनका उद्देश्य उन्हें तेजी से बदलती वैश्विक अर्थव्यवस्था और तकनीकी परिवेश के अनुरूप तैयार करना है।
Greater Noida: नॉलेज पार्क में VSIET कॉलेज की दस्तक, https://t.co/f3BVBAcS4i व MBA की होगी पढ़ाई। कॉलेज के चेयरमैन सुजीत रॉय ने दी जानकारी pic.twitter.com/QathRAR5Cs
— The News गली (@The_News_Gali) June 24, 2026
यह है विशेषता
संस्थान की विशेष पहचान इसके अत्याधुनिक AI Labs, Innovation Spaces, Smart Learning Environment और उद्योग-अकादमिक सहभागिता पर आधारित शिक्षण मॉडल होंगे। VSIET का लक्ष्य केवल डिग्री प्रदान करना नहीं, बल्कि विद्यार्थियों में समस्या-समाधान, अनुसंधान, रचनात्मक सोच और नेतृत्व क्षमता का विकास करना है। कॉलेज शुभारंभ के अवसर पर उपस्थित शिक्षाविदों और अतिथियों ने इसे क्षेत्र में उच्च शिक्षा के लिए एक महत्वपूर्ण कदम बताया। उनका मानना है कि आने वाले वर्षों में VSIET तकनीकी शिक्षा और नवाचार का एक सशक्त केंद्र बनकर उभरेगा तथा युवाओं को वैश्विक अवसरों से जोड़ने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा। VSIET की स्थापना ऐसे समय में हुई है जब भारत नवाचार, डिजिटल परिवर्तन और तकनीकी आत्मनिर्भरता की दिशा में तेजी से आगे बढ़ रहा है। ऐसे में यह संस्थान विद्यार्थियों को केवल पाठ्यक्रम आधारित शिक्षा ही नहीं, बल्कि भविष्य की चुनौतियों का सामना करने के लिए आवश्यक कौशल और दृष्टिकोण भी प्रदान करेगा। ज्ञान, अनुसंधान और नवाचार को केंद्र में रखकर प्रारंभ हुई यह यात्रा आने वाले समय में शिक्षा के क्षेत्र में नई संभावनाओं के द्वार खोलने की उम्मीद जगाती है। VSIET का शुभारम्भ इस विश्वास का प्रतीक है कि गुणवत्तापूर्ण शिक्षा ही भविष्य के भारत की सबसे मजबूत नींव है।



