-बीटा एक सेक्‍टर की आरडब्ल्यूए ने दर्ज कराया विरोध
-हर सेक्‍टर में टूट रहे हैं प्राधिकरण के नियम

द न्‍यूज गली, ग्रेटर नोएडा: ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण के नियम के तहत सेक्‍टरों में कामर्शियल गतिविधि नहीं हो सकती है लेकिन शहर का ऐसा कोई भी सेक्‍टर नहीं होगा जहां पर अवैध पीजी नहीं चल रहे हों। पीजी के कारण आए दिन सेक्‍टरों में विवाद की स्थिति सामने आती रहती है। सेक्‍टर के लोग अपना विरोध भी दर्ज कराते हैं, लेकिन प्राधिकरण के द्वारा कार्रवाई सिर्फ नोटिस जारी करने तक की ही होती है। उसके बाद नीचे के स्‍तर के लोग खेला कर देते हैं। बीटा एक सेक्‍टर के लोग भी अवैध पीजी से तंग आ चुके हैं। सेक्‍टर में हुई बैठक में लोगों ने पीजी के खिलाफ कार्रवाई की मांग की। लोगों की परेशानी को देखते हुए सेक्‍टर की आरडब्‍ल्‍यूए ने ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण के सीईओ को पत्र लिखकर मांग की है सेक्‍टर में संचालिेत हो रहे अवैध पीजी को तत्‍काल बंद कराया जाए। देखना है इस बार प्राधिकरण का जमीर जागता या दोबारा होगा नोटिस का खेला।

हर परिवार है परेशान
आरडब्ल्यूए सेक्टर बीटा-1 द्वारा सेक्टरवासियों की समस्याओं को सुनने के लिए जनसुनवाई आयोजित की गई। जनसुनवाई में सेक्टर की विभिन्न समस्याएं सामने आईं, जिनमें अवैध रूप से संचालित पीजी और गेस्ट हाउस उनमें रहने वाले कुछ छात्रों के व्यवहार को लेकर स्थानीय निवासियों ने गंभीर चिंता जताई। निवासियों ने बताया कि सेक्टर में पीजी बिना उचित नियमों और व्यवस्थाओं के संचालित किए जा रहे हैं। इनमें रहने वाले कुछ छात्र-छात्राओं द्वारा हुड़दंग मचाने, आसपास के निवासियों के साथ गलत व्यवहार करने तथा रात के समय शराब पीकर घूमने जैसी शिकायतें सामने आई हैं। इससे सेक्टर के लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है और सुरक्षा एवं शांतिपूर्ण वातावरण को लेकर चिंता बढ़ रही है।
आरडब्ल्यूए अध्यक्ष संगीता शर्मा व महासचिव हरेन्द्र भाटी ने ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण और पुलिस प्रशासन से कार्रवाई की मांग की हरेंद्र भाटी का कहना है कि ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण के सीईओ को लिखे पत्र में मांग की है कि सेक्टर में संचालित पीजी की जांच कराई जाए तथा नियमों का उल्लंघन करने वाले और अवैध रूप से संचालित पीजी के खिलाफ नियमानुसार सख्त कार्रवाई की जाए। साथ ही शासन-प्रशासन एवं पुलिस विभाग से भी इस मामले को गंभीरता से लेते हुए आवश्यक कदम उठाने की अपील की गई है।