-कई अधिकारियों की अनुपस्थिति पर डीएम ने जताई नाराजगी
-स्कूलों में व्यापक अभियान चलाने की कही बात
द न्यूज गली, ग्रेटर नोएडा: डीएम मेधा रूपम की अध्यक्षता में कलेक्ट्रेट सभागार में जिला सड़क सुरक्षा समिति की बैठक हुई। डीएम ने कहा कि सड़क सुरक्षा केवल प्रशासनिक दायित्व नहीं, बल्कि कानूनी और सामाजिक जिम्मेदारी भी है। जनपद में सड़क सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए सभी संबंधित विभाग आपसी समन्वय स्थापित कर नियमित एवं प्रभावी कार्रवाई सुनिश्चित करें, जिससे सड़क दुर्घटनाओं में कमी लाई जा सके। उन्होंने परिवहन विभाग, यातायात पुलिस तथा तीनों प्राधिकरणों के संबंधित अधिकारियो से कहा कि अवैध स्टैंड, अवैध पार्किंग, ओवरलोडिंग, ओवरस्पीडिंग तथा यातायात नियमों का उल्लंघन करने वाले वाहन चालकों के विरुद्ध नियमित अभियान चलाकर सख्त कार्रवाई की जाए। साथ ही दुर्घटना बाहुल्य क्षेत्रों (ब्लैक स्पॉट) को चिन्हित कर उनमें अल्पकालिक एवं दीर्घकालिक सुधारात्मक कार्य समयबद्ध तरीके से पूर्ण किए जाएं। अवैध कटों को बंद करने एवं सड़क सुरक्षा संकेतकों को बेहतर बनाने पर भी विशेष बल दिया गया।

लोगों को करें जागरुक
डीएम ने कहा कि सड़क दुर्घटनाओं में कमी लाने के लिए केवल प्रवर्तन कार्रवाई पर्याप्त नहीं है, बल्कि लोगों को यातायात नियमों के प्रति जागरूक करना भी अत्यंत आवश्यक है। इसके लिए विद्यालयों, महाविद्यालयों, औद्योगिक इकाइयों एवं सार्वजनिक स्थलों पर विशेष जागरूकता अभियान चलाए जाएं, ताकि हेलमेट, सीट बेल्ट, निर्धारित गति सीमा तथा ट्रैफिक नियमों के पालन के प्रति आमजन में जागरूकता बढ़ाई जा सके। डीएम ने परिवहन विभाग के अधिकारियों को निर्देश दिए कि उनके द्वारा शिक्षा विभाग के अधिकारियों के साथ आपसी समन्वय स्थापित करते हुए जनपद के समस्त विद्यालयों में विद्यालय यान सुरक्षा समिति के तहत स्कूलों में अभियान चलाकर स्कूल वाहनों की फिटनेस व चालकों की आंख व स्वास्थ्य जांच अवश्य करा ली जाए। यह सुनिश्चित किया जाए कि बिना फिटनेस के स्कूली बस सड़कों पर न उतर पाए। बैठक में अपर मुख्य कार्यपालक अधिकारी नोएडा एवं ग्रेटर नोएडा तथा डीसीपी ट्रैफिक के अनुपस्थित होने पर जिलाधिकारी ने नाराजगी व्यक्त की। बैठक में मुख्य विकास अधिकारी भाल चंद्र त्रिपाठी, अपर जिलाधिकारी प्रशासन मंगलेश दुबे, उप जिलाधिकारी जेवर दुर्गेश सिंह, डिप्टी कलेक्टर अभय कुमार सिंह, सहायक संभागीय परिवहन अधिकारी डॉ उदित नारायण पांडेय सहित अन्य अधिकारी उपस्थित थे।
