-उत्‍तर प्रदेश के कैबिनेट मंत्री नंद गोपाल नदी ने किया उदघाटन
-समिट में उच्च-स्तरीय कॉन्फ्रेंस और ज्ञान सत्र का आयोजन

द न्‍यूज गली, ग्रेटर नोएडा: इंडिया एक्‍सपो मार्ट में मनी अल्फा 360° समिट 2026 की शुरुआत हुई। यह आयोजन भारत के वित्तीय पारिस्थितिकी तंत्र के लिए एक व्यापक और भविष्य-केंद्रित मंच के रूप में अपनी पहचान बना रहा है। वित्त, फिनटेक, निवेश, नीति और उभरती तकनीकों से जुड़े अग्रणी व्यक्तियों को एक साथ लाते हुए यह समिट एक ऐसे समग्र मंच के रूप में उभर रहा है, जो भारत के भविष्य के धन को देखने और समझने के तरीके को नई दिशा दे रहा है। उद्घाटन सत्र के मुख्य अतिथि नंद गोपाल गुप्ता नंदी, कैबिनेट मंत्री, औद्योगिक विकास, निर्यात प्रोत्साहन, एनआरआई एवं निवेश प्रोत्साहन, उत्तर प्रदेश सरकार थे। समिट के पहले दिन 8 से अधिक उच्च-स्तरीय कॉन्फ्रेंस और ज्ञान सत्र आयोजित किए गए। जिनमें AI आधारित बैंकिंग, वैश्विक फंड एकीकरण, फिनटेक इंफ्रास्ट्रक्चर, MSME विकास, वित्तीय पारदर्शिता और संपत्ति निर्माण जैसी महत्वपूर्ण विषयों पर चर्चा हुई। आयोजित सत्रों में उद्योग विशेषज्ञों और विचारशील नेताओं ने भाग लेकर नए रुझानों को समझने और अवसरों को पहचानने पर जोर दिया। इस अवसर पर राकेश कुमार सिंह, मुख्य कार्यकारी अधिकारी, यमुना एक्सप्रेसवे औद्योगिक विकास प्राधिकरण (YEIDA), वंदना त्रिपाठी, IAS, अपर मुख्य कार्यकारी अधिकारी, नोएडा प्राधिकरण, सीए चरणजोत सिंह नंदा, पूर्व अध्यक्ष, ICAI, डॉ. राकेश कुमार, चेयरमैन, इंडिया एक्सपोजीशन मार्ट लिमिटेड (IEML) तथा मुकेश गुप्ता, निदेशक एवं स्ट्रैटेजिक एडवाइजर, IEML शामिल थे।

मिला वैश्विक नेतृत्‍व
इस अवसर पर नंद गोपाल गुप्ता नंदी ने भारत की पारंपरिक वित्तीय प्रणाली के डिजिटल रूप में सशक्त और वैश्विक प्रतिस्पर्धी अर्थव्यवस्था बनने की यात्रा पर प्रकाश डाला। उन्होंने बताया कि डिजिटल इंडिया और UPI जैसी पहल ने भारत को रियल-टाइम डिजिटल लेन-देन के क्षेत्र में वैश्विक नेतृत्व प्रदान किया है। उन्होंने कहा कि मनी अल्फा 360° जैसे मंच सहयोग, नवाचार और निवेश को बढ़ावा देने में अत्यंत महत्वपूर्ण हैं, जो एक मजबूत और भविष्य-उन्मुख वित्तीय तंत्र के निर्माण में सहायक हैं।सीए चरणजोत सिंह नंदा, पूर्व अध्यक्ष, ICAI ने कहा कि जैसे-जैसे वित्तीय पारिस्थितिकी तंत्र विकसित हो रहा है, पेशेवरों और संस्थानों की भूमिका और अधिक महत्वपूर्ण हो जाती है। उन्होंने प्रारंभिक स्तर पर वित्तीय शिक्षा की आवश्यकता पर जोर देते हुए बताया कि NCERT ने कक्षा 6 से ही वाणिज्य और वित्तीय साक्षरता को शामिल करने का प्रस्ताव दिया है। राकेश कुमार सिंह, IAS, CEO, YEIDA ने क्षेत्र के विकास की रूपरेखा साझा करते हुए बताया कि सेक्टर 11 में प्रस्तावित 500 एकड़ का फिनटेक सिटी प्रोजेक्ट, जो नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट के निकट स्थित है, इस क्षेत्र को वैश्विक वित्तीय केंद्र में बदलने की दिशा में एक बड़ा कदम है। उन्होंने कहा कि यह परियोजना बड़े निवेश को आकर्षित करने और स्टार्टअप इकोसिस्टम को बढ़ावा देने में सहायक होगी, जिससे उत्तर प्रदेश वित्तीय और तकनीकी प्रगति के अग्रणी राज्यों में शामिल हो रहा है। वंदना त्रिपाठी, IAS, अपर मुख्य कार्यकारी अधिकारी, नोएडा प्राधिकरण ने कहा कि नोएडा वित्तीय गतिविधियों का एक प्रमुख केंद्र बन चुका है और ऐसे मंच उद्योग, नीति और तकनीक के बीच बेहतर समन्वय स्थापित करने में मदद करते हैं। डॉ. राकेश कुमार, चेयरमैन, IEML ने कहा कि मनी अल्फा 360° केवल एक आयोजन नहीं, बल्कि विचारों, पूंजी और ज्ञान का संगम है, जो भारत में वित्त के भविष्य को दिशा देगा। उन्होंने इस समिट को एक ऐसा रणनीतिक मंच बताया, जो नीति-निर्माताओं, निवेशकों और नवोन्मेषकों को जोड़कर सार्थक संवाद और ठोस परिणाम सुनिश्चित करता है।